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अखिल भारतीय कालिदास समारोह 21 से 27 नवंबर तक, राष्ट्रीय संगोष्ठी में कालिदास साहित्य पर होगा मंथन

अखिल भारतीय कालिदास समारोह 21 से 27 नवंबर तक, राष्ट्रीय संगोष्ठी में कालिदास साहित्य पर होगा मंथन

उज्जैन। मध्यप्रदेश शासन के तत्वावधान में सम्राट् विक्रमादित्य विश्वविद्यालय, उज्जैन एवं कालिदास संस्कृत अकादमी द्वारा अखिल भारतीय कालिदास समारोह का आयोजन 21 से 27 नवंबर 2026 तक किया जाएगा। समारोह के अकादमिक कार्यक्रमों के अंतर्गत सम्राट् विक्रमादित्य विश्वविद्यालय द्वारा राष्ट्रीय शोध संगोष्ठी के चार सत्र आयोजित होंगे, जिनमें देश के 12 से अधिक राज्यों के विद्वान भाग लेंगे। संगोष्ठी में महाकवि कालिदास की कला, सौंदर्य दृष्टि, जीवन मूल्य, युग परिवेश, दर्शन, रचनाओं के प्रामाणिक पाठ एवं ऐतिहासिकता सहित साहित्य के विविध पक्षों पर गहन मंथन होगा।

सम्राट् विक्रमादित्य विश्वविद्यालय की कालिदास समिति के सचिव एवं कुलानुशासक प्रो. शैलेंद्र कुमार शर्मा ने बताया कि संगोष्ठी में कालिदास साहित्य के विभिन्न आयामों पर स्वतंत्र अथवा अंतरानुशासनिक दृष्टि से शोध पत्र प्रस्तुत किए जाएंगे। राष्ट्रीय शोध संगोष्ठी के सत्र 22 से 25 नवंबर तक होंगे। प्रथम तीन सत्र 22 से 24 नवंबर तक प्रतिदिन दोपहर 2 बजे तथा चतुर्थ सत्र 25 नवंबर को सुबह 10 बजे आयोजित होगा। विक्रम कालिदास पुरस्कार 2026 के लिए गुणवत्तापूर्ण शोध पत्रों की प्रविष्टि की अंतिम तिथि 10 नवंबर निर्धारित की गई है।

उन्होंने बताया कि समारोह के अंतर्गत 25 नवंबर को दोपहर 2 बजे अखिल भारतीय अंतरविश्वविद्यालयीन संस्कृत वादविवाद प्रतियोगिता होगी। 26 नवंबर को सुबह 10 बजे राज्य स्तरीय अंतरमहाविद्यालयीन कालिदास काव्यपाठ प्रतियोगिता तथा दोपहर 2 बजे राज्य स्तरीय हिंदी वादविवाद प्रतियोगिता आयोजित की जाएगी। संस्कृत वादविवाद का विषय ‘कालिदासेन ज्ञानस्य भारतीया परम्परा यथा संरक्षिता काव्ये तथा नान्येन केनचित्’ तथा हिंदी वादविवाद का विषय ‘केवल महाकवि कालिदास ने ही भारतीय ज्ञान परम्परा को अपने काव्यों में संरक्षित किया है’ रखा गया है।

राष्ट्रीय शोध संगोष्ठी के लिए जीवन मूल्य, साहित्य, दर्शन, शिक्षा, समाजविज्ञान, मनोविज्ञान, अर्थशास्त्र, ज्ञान-विज्ञान, कला, वास्तु, संस्कृति, इतिहास, पुरातत्व एवं पर्यावरण आदि के परिप्रेक्ष्य में कालिदास साहित्य से जुड़े शोध पत्र आमंत्रित किए गए हैं। संगोष्ठी का एक विशेष सत्र विक्रम कालिदास पुरस्कार विजेता शोधपत्रों की प्रस्तुति का होगा। शोध पत्र प्रस्तुत करने के इच्छुक शोधकर्ता कालिदास समिति कार्यालय, सिंधिया प्राच्य विद्या शोध प्रतिष्ठान, सम्राट् विक्रमादित्य विश्वविद्यालय, देवास मार्ग, उज्जैन में संपर्क कर सकते हैं।

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