म.प्र. साहित्य अकादमी भोपाल द्वारा नारदमुनि पुरस्कार से अलंकृत

भारत भारती का प्रांतीय प्रशिक्षण शिविर संपन्न

अपने देश, अपनी संस्कृति और अपने इतिहास से प्रेम करें -विनय पत्राले
भारत भारती का प्रांतीय प्रशिक्षण शिविर संपन्न
उज्जैन। भारत भारती राष्ट्रीय एकात्मकता को समर्पित है और हमारा लक्ष्य राष्ट्र प्रथम है। हमारे रंग, रूप, वेश, भाषा भले अनेक हैं मगर हिन्द देश के निवासी होकर हम सभी जन एक हैं। हम रहें या न रहें मगर हमारा भारत रहना चाहिए और देश के लिए किसी काम आ सकें इस भावना के साथ संगठन को आगे ले जाना चाहिए।

ये विचार भारत भारती के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री विनय पत्राले ने भारत भारती के होटल सुराना में आयोजित प्रांतीय शिविर में मुख्य अतिथि के रूप में व्यक्त किये। आपने कहा कि हमें अपने देश, अपनी संस्कृति और अपने इतिहास से प्रेम करना चाहिए। प्रमुख अतिथि प्रसिद्ध शिक्षाविद, सिंहस्थ प्राधिकरण के पूर्व अध्यक्ष श्री दिवाकर नाथू, विशेष अतिथि नेक के चेयरमेन डॉ. नागेश्वर राव, पूर्व कुलगुरु डॉ आम्बेडकर विवि लखनऊ डॉ. प्रकाश बरतूनिया, सम्राट विक्रमादित्य विवि हिन्दी अध्ययनशाला के पूर्व अध्यक्ष आचार्य प्रो. हरिमोहन बुधौलिया, प्रेमचंद सृजन पीठ के निदेशक मुकेश जोशी, प्रख्यात साहित्यकार डॉ. श्रीकृष्ण जोशी ने भी सम्मेलन में आये प्रतिभागियों को शुभकामनाएं देते हुए अपने विचार व्यक्त किये।

प्रशिक्षण सत्र में भारत भारती के वरिष्ठ राष्ट्रीय सदस्य दत्ताभाई सालुंके ने संगठन विस्तार और सदस्यता अभियान ,उत्तरदायित्व विषय पर और राष्ट्रीय पदाधिकारी शिरीष घुड़े ने दैनिक एवं मासिक बैठकों की महत्ता पर प्रकाश डाला। प्रशिक्षक सुश्री उषा शर्मा ने टीम भावना और अनुशासन एवं सुश्री अर्चना कुलश्रेष्ठ ने आगामी कार्यक्रमों की योजना प्रस्तुत की, शिक्षाविद सुश्री संगीता पाटकर , डॉ. पूर्वा दीक्षित, डॉ. भारती पुजारी, सुश्री अदिति दवेसर, अरविन्द शर्मा, ममता अग्रवाल, दीपक कर्पे, सुश्री किरण दीक्षित, शैलेश लेले , राकेश शर्मा, डॉ. पांखुरी वक्त, ममता अग्रवाल ने शिविर में सफलता की कहानियाँ प्रस्तुत कीं, युवा सदस्यों लता चौहान, ज्योत्सना राठौर, जिज्ञासा मुद्गल का विशेष सम्मान अतिथियों ने किया।

आयोजन की भूमिका, स्वागत भाषण प्रादेशिक संयोजक डॉ. प्रवीणा दवेसर ने प्रस्तुत की, अतिथियों ने भारत माता के चित्र पर माल्यार्पण और दीप आलोकन कर आयोजन का शुभारम्भ किया। वन्दे मातरम गीत का गायन भाग्यश्री ने किया। अतिथि स्वागत सुभाष पाठक, शशांक दुबे, शैलेश लेले, अरविन्द तिवारी, डॉ. हरीशकुमार सिंह, डॉ. प्रवीणा दवेसर आदि ने किया। प्रांतीय प्रशिक्षण में भोपाल, जबलपुर , रतलाम, देवास, ग्वालियर, इंदौर, उज्जैन से आये प्रतिभागियों ने प्रशिक्षण प्राप्त किया। आयोजन में भारत भारती के मार्गदर्शक एम. के .जैन, कीर्ति तिवारी, अनिल कुरेल, रामकृष्ण उपाध्याय, सीमा देवेन्द्र, सोनाली विजयवर्गीय, प्रफुल्ल कुमार शुक्ल आदि उपस्थित थे। राष्ट्रगान के साथ आयोजन संपन्न हुआ, संचालन डॉ. हरीशकुमार सिंह ने और आभार डॉ. प्रवीणा दवेसर ने व्यक्त किया।

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